हरिद्वार, 31 अगस्त। जिलाधिकारी मयूर दीक्षित के निर्देश पर जनपद में लक्जरी और स्लीपर बसों के खिलाफ परिवहन विभाग ने विशेष संयुक्त चेकिंग अभियान चलाया। अभियान का नेतृत्व सहायक संभागीय परिवहन अधिकारी (प्रवर्तन) नेहा झा ने किया। कार्रवाई के दौरान परिवहन नियमों का उल्लंघन करने वाले वाहनों पर कड़ी कार्रवाई की गई।विशेष अभियान में संभागीय निरीक्षक (प्राविधिक) आनंद वर्धन ने बसों की तकनीकी स्थिति और सुरक्षा मानकों की जांच की।

वहीं एआरएम रोडवेज विशाल कुमार की मौजूदगी में संयुक्त टीम ने बसों के संचालन, वाहन की संरचना, निर्धारित यात्री क्षमता और जरूरी दस्तावेजों की भी जांच की।जांच के दौरान कई बसों में स्वीकृत संरचना से छेड़छाड़, निर्धारित बस बॉडी कोड का उल्लंघन, क्षमता से अधिक यात्रियों को बैठाने, ड्राइविंग लाइसेंस से जुड़ी अनियमितताओं सहित परिवहन एवं यातायात नियमों के उल्लंघन के मामले सामने आए।अभियान के तहत कुल 185 वाहनों के चालान किए गए, जबकि गंभीर अनियमितताएं पाए जाने पर 16 वाहनों को सीज कर दिया गया। इसके अलावा तकनीकी और सुरक्षा मानकों पर खरे नहीं उतरने वाले तीन वाहनों की फिटनेस निलंबित करने की संस्तुति की गई है।

संयुक्त चेकिंग अभियान के दौरान परिवहन कर अधिकारी वरुणा सैनी, मुकेश भारती, भारत भूषण और हरीश सती ने भी विभिन्न स्थानों पर बसों की जांच एवं प्रवर्तन कार्रवाई में सहयोग किया।एआरटीओ प्रवर्तन नेहा झा ने बस संचालकों को स्पष्ट निर्देश दिए कि सभी वाहन निर्धारित संरचना, यात्री क्षमता, बस बॉडी कोड और सुरक्षा मानकों के अनुरूप ही संचालित किए जाएं। उन्होंने कहा कि यात्रियों की सुरक्षा से किसी भी प्रकार का समझौता बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।उन्होंने चेतावनी दी कि वाहनों में अनधिकृत बदलाव करने, क्षमता से अधिक यात्रियों को ले जाने अथवा अन्य नियमों का उल्लंघन करने वाले संचालकों के खिलाफ आगे भी सख्त कार्रवाई की जाएगी।परिवहन विभाग के अनुसार यात्रियों की सुरक्षित और नियमों के अनुरूप यात्रा सुनिश्चित करने के लिए विशेष चेकिंग अभियान आगे भी जारी रहेगा। विभाग की कार्रवाई का उद्देश्य बस संचालन में नियमों का पालन सुनिश्चित करने के साथ यात्रियों की सुरक्षा को प्राथमिकता देना है।