
रुड़की। हरमिलाप धर्मशाला में मंगलवार को ‘रक्षा संकल्प महोत्सव’ का आयोजन उत्साह और सामाजिक सरोकार के साथ किया गया। कार्यक्रम में बड़ी संख्या में महिलाओं ने भाग लिया। आयोजन के दौरान रक्षा सूत्र के माध्यम से महिला सम्मान, सुरक्षा, सहयोग और सामाजिक एकजुटता का संदेश दिया गया।
महोत्सव का मुख्य उद्देश्य समाज में महिलाओं के प्रति सम्मान और जिम्मेदारी की भावना को मजबूत करना रहा।

कार्यक्रम में वक्ताओं ने कहा कि रक्षा सूत्र केवल भाई-बहन के रिश्ते का प्रतीक नहीं है, बल्कि यह विश्वास, आपसी सहयोग और जिम्मेदारी का संदेश भी देता है। समाज में प्रत्येक महिला को सम्मानजनक और सुरक्षित वातावरण उपलब्ध कराना सामूहिक जिम्मेदारी है।
कार्यक्रम में रुड़की जिला अध्यक्ष डॉ. मधु की भी उपस्थिति रही। उन्होंने महिलाओं की सामाजिक भूमिका और उनके सम्मान से जुड़े विषयों पर विचार व्यक्त किए। उन्होंने कहा कि महिलाओं की भागीदारी के बिना समाज के समग्र विकास की कल्पना नहीं की जा सकती। महिलाओं को आगे बढ़ने के समान अवसर और सुरक्षित वातावरण मिलना आवश्यक है।

इस दौरान कार्यक्रम में मौजूद महिलाओं और अतिथियों ने सामाजिक सौहार्द, भाईचारे, महिला सम्मान तथा सुरक्षा को मजबूत करने का संकल्प लिया। आयोजन स्थल पर महिलाओं में खासा उत्साह नजर आया और रक्षा सूत्र के माध्यम से एक-दूसरे के प्रति सहयोग एवं विश्वास का संदेश दिया गया।
कार्यक्रम के शुभेच्छु इं. चैरब जैन, चेयरमैन, फोनिक्स विश्वविद्यालय, रुड़की रहे। आयोजन से जुड़े बैनर पर भी उनका नाम शुभेच्छु के रूप में अंकित किया गया था। आयोजकों ने कार्यक्रम में पहुंचे अतिथियों, महिलाओं और क्षेत्रवासियों का स्वागत एवं आभार व्यक्त किया।
‘रक्षा संकल्प महोत्सव’ ने महिला सम्मान, सुरक्षा और सामाजिक एकता को लेकर सकारात्मक संदेश देने का प्रयास किया। आयोजन के माध्यम से लोगों से आपसी सहयोग और सामाजिक जिम्मेदारियों के प्रति जागरूक रहने का आह्वान भी किया गया।