
जन निर्माण न्यूज ( शुभम चौधरी )
हरिद्वार, 7 अक्टूबर 2026। जनपद हरिद्वार को स्वच्छ, सुंदर और साफ-सुथरा बनाने के उद्देश्य से जिलाधिकारी मयूर दीक्षित ने स्वच्छता व्यवस्था को लेकर अधिकारियों और ग्राम पंचायत प्रतिनिधियों के साथ बैठक की। बुधवार को एनआईसी सभागार में आयोजित बैठक में विकासखंड बहादराबाद की छह ग्राम पंचायतों के ग्राम प्रधानों एवं जनप्रतिनिधियों ने हिस्सा लिया।

बैठक में गांवों में नियमित सफाई, कूड़ा निस्तारण, ठोस अपशिष्ट प्रबंधन और बाजार क्षेत्रों की स्वच्छता को लेकर विस्तार से चर्चा की गई।बैठक में रावली महदूद, सुल्तानपुर मंजरी, अत्मलपुर बोंगला, खेड़ली, दादूपुर गोविंदपुर और सलेमपुर महदूद ग्राम पंचायतों के प्रतिनिधि मौजूद रहे। जिलाधिकारी ने ग्राम प्रधानों को निर्देश दिए कि गांवों की गलियों, मुख्य मार्गों, सार्वजनिक स्थलों, बाजार क्षेत्रों और नालियों की नियमित सफाई सुनिश्चित की जाए।

उन्होंने स्पष्ट कहा कि किसी भी स्थान पर कूड़ा एकत्रित नहीं होना चाहिए और कूड़े के उचित निस्तारण की व्यवस्था ग्राम पंचायत स्तर पर सुनिश्चित की जाए।डीएम मयूर दीक्षित ने कहा कि केवल विशेष स्वच्छता अभियान चलाने से गांवों को साफ नहीं रखा जा सकता। इसके लिए नियमित और निरंतर सफाई व्यवस्था को ग्राम पंचायतों की कार्यप्रणाली का हिस्सा बनाना जरूरी है। उन्होंने संबंधित अधिकारियों और जनप्रतिनिधियों को कूड़ा निस्तारण के लिए डंपिंग जोन बनाए जाने हेतु भूमि चिन्हित करने के निर्देश भी दिए।जिलाधिकारी ने ग्रामीणों को स्वच्छता के प्रति जागरूक करने पर भी जोर दिया।

उन्होंने ग्राम प्रधानों से कहा कि वे अपने-अपने क्षेत्रों में लोगों को घरों और आसपास कूड़ा नहीं फैलाने के लिए प्रेरित करें। सार्वजनिक स्थानों पर गंदगी फैलाने और कूड़ा इधर-उधर फेंकने की प्रवृत्ति को रोकने के लिए जनजागरूकता अभियान चलाने के निर्देश दिए गए।बैठक में बहादराबाद एवं बीएचईएल क्षेत्र में लगने वाले पीठ बाजारों की सफाई व्यवस्था पर भी विशेष चर्चा हुई। जिलाधिकारी ने जिला पंचायत एवं बीएचईएल अधिकारियों को निर्देश दिए कि बाजार लगने से पहले, बाजार के दौरान और बाजार समाप्त होने के बाद सफाई व्यवस्था सुनिश्चित की जाए। बाजार समाप्त होते ही कूड़े का उठान और उचित निस्तारण कराया जाए।डीएम ने पीठ बाजारों में पॉलीथिन के उपयोग पर पूर्ण प्रतिबंध प्रभावी ढंग से लागू करने के निर्देश दिए। दुकानदारों और व्यापारियों को पॉलीथिन के दुष्प्रभावों के प्रति जागरूक करते हुए पर्यावरण अनुकूल विकल्पों के इस्तेमाल के लिए प्रेरित करने को कहा गया। साथ ही प्रतिबंधित पॉलीथिन के इस्तेमाल पर नियमित निगरानी रखने के निर्देश दिए।उन्होंने कहा कि स्वच्छता केवल प्रशासन या नगर निकायों की जिम्मेदारी नहीं है।

ग्राम पंचायत, जनप्रतिनिधि, व्यापारी, दुकानदार और आम नागरिकों की सहभागिता से ही हरिद्वार को स्वच्छ और सुंदर बनाया जा सकता है। अधिकारियों को सफाई व्यवस्था की नियमित मॉनिटरिंग करने और लापरवाही न बरतने के निर्देश दिए गए।बैठक में मुख्य विकास अधिकारी डॉ. ललित नारायण मिश्र, अपर जिलाधिकारी प्रशासन जितेंद्र कुमार, जिला पंचायतराज अधिकारी अतुल प्रताप सिंह, नगर प्रशासक बीएचईएल अतुल सचान, बीडीओ बहादराबाद मानस मित्तल, नोडल स्वजल चंद्रकांत मणि त्रिपाठी, आरएम सिडकुल कमल किशोर, कर अधिकारी सतीश चंद सहित ग्राम प्रधान एवं जनप्रतिनिधि मौजूद रहे।